विशेष व्यापार

इलेक्ट्रिक वाहन की मांग बढ़ी, 90 फीसदी उपभोक्ता खरीदने के लिए अधिक खर्च को तैयार

नई दिल्ली । पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों के विकल्प के तौर दुनिया में अगले 12 माह में इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) की बिक्री में भारी इजाफे की संभावना है। परामर्शक कंपनी ईवाई का कहना है कि भारत में भी करीब 90 प्रतिशत उपभोक्ता इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने के लिए अधिक खर्च करने को तैयार हैं। ईवाई के मोबिलिटी कंज्यूमर इंडेक्स (एमसीआई) सर्वे में 13 देशों के 9,000 से अधिक लोगों की प्रतिक्रिया ली गई। इसमें भारत से 1,000 लोगों की राय ली गई है। यह सर्वे जुलाई की दूसरे पखवाड़े में किया गया।
सर्वे में 40 प्रतिशत लोगों ने कहा कि वे इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने के लिए अन्य वाहनों की तुलना में 20 प्रतिशत अधिक खर्च करने को तैयार हैं। सर्वे के अनुसार, ‘भारत में 10 में से तीन कार खरीदारों ने कहा कि वे इलेक्ट्रिक/हाइड्रोजन वाहन खरीदना पसंद करेंगे।’ सर्वे में शामिल ज्यादातर भारतीय उपभोक्ताओं का कहना था कि वे पूरी तरह चार्ज इलेक्ट्रिक वाहन से 100 से 200 मील चलने की उम्मीद करते हैं। सर्वे में कहा गया है कि भारत में 90 प्रतिशत उपभोक्ता इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने के लिए अधिक खर्च करने को तैयार हैं। इनमें से 40 प्रतिशत उपभोक्ता इन वाहनों के लिए 20 प्रतिशत तक अधिक खर्च करने को तैयार है। मौजूदा और भविष्य में इलेक्ट्रिक वाहन के मालिक डिजिटल चैनल को अधिक प्राथमिकता देने की बात करते हैं। ईवाई इंडिया के भागीदार और ऑटोमोटिव क्षेत्र के लीडर विनय रघुनाथ ने कहा, ‘इलेक्ट्रिक और अन्य प्रौद्योगिकी मंचों वाले वाहनों के स्वामित्व की लागत का अंतर घट रहा है। वहीं बड़ी संख्या में उपभोक्ता अब पर्यावरण के प्रति जागरूक हैं। इस वजह से इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने को लेकर उपभोक्ताओं के व्यवहार में परिवर्तन देखने में आ रहा है।