काव्य ग़ज़ल

।। श्रृद्धांजलि ।।

बहिन नमन तुम्हें…

थी भारत माँ की बेटी सुषमा संस्कृति-परिचायक

विदुषी और कुशल वक्ता थी राजनीति की नायक

सच्चे मन से कार्य करें वो ऐसी कर्मिष्ठा थी

धर्म-सुषमा, मर्म-सुषमा,भाषाई  प्रतिष्ठा थी

विदेश मंत्री रहते जिनने देश का मान बढ़ाया

विदेश फँसे भारतीयों को कितनी बार बचाया

ममतामयी सुचिता की देवी सुषमा नमन तुम्हें

देश दुखी जाने से तेरे, बड़ी बहिन नमन तुम्हें

                              – व्यग्र पाण्डे

             कर्मचारी कालोनी, गंगापुर सिटी, स.मा.(राज.)322201

              ई-मेल : vishwambharvyagra@gmail com

                          मोबाइल नंबर  : 9549165579

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