मध्य प्रदेश

सड़क दुर्घटना में चेहरे की 10 हड्डियां टूटी,


सिम्स मे सफल ऑपरेशन से युवक की बची जान
बिलासपुर (ईएमएस)। सड़क दुर्घटना चेहरे की 10 हड्डियां टूटने के बाद भी युवक की जान सिम्स के डाक्टरों ने बचा ली,डेंटल विभाग के डाक्टरों ने लगातार सात घंटे तक सर्जरी की। इस दौरान युवक का चेहरा बचाने के लिए पहले टूटी हड्डियां सुव्यवस्थित की गईं। फिर मुंह के अंदर, सिर के ऊपर और एक कान से दूसरे कान तक टांका लगाया गया। यह सिम्स की गई सबसे जटिल सर्जरी में से एक बताया जा रही है।
मिली जानकारी के मुताबिक सीपत के ग्राम गुढ़ी निवासी 28 वर्षीय चंद्रप्रकाश 31 जनवरी को सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिसके बाद देर रात उन्हें सिम्स लाया गया। जांच में मरीज के माथे, नाक, ऊपरी व नीचले जबड़े, दोनों आंखों के चारों ओर की हड्डियां टूटी हुई मिली। ऐसे में उनकी जान को बचाना बहुत कठिन लग रहा था।
इस बीच दंत रोग विभाग के एचओडी डा. संदीप प्रकाश ने युवक का थ्रीडी सीटी फेस किया,इसे आपरेशन के माध्यम से उसकी जान बचाने की संभावना नजर आई। इसके लिए दवाओं के माध्यम से चेहरे की सूजन व दर्द को नियंत्रित करना जरूरी था। इस काम में 10 दिन लग गए। इसके बाद 11 फरवरी को सर्जरी का निर्णय लिया गया।
डा. संदीप प्रकाश के साथ डा. केतकी कीनीकर, डा. हेमलता राजमणि, डा. प्रकाश खरे, डा. सोनल पटेल व निश्चेतना विभाग के डा. राकेश निगम और डा. भावना रायजादा ने सर्जरी शुरू की। पहले टूटी हड्डियों को सही स्थान पर लाया गया। सबसे पहले ऊपर व नीचे के जबड़े को जोडऩे के लिए मुंह के अंदर टांका लगाया गया,इसके बाद सिर के ऊपर एक कान से दूसरे कान तक त्वचा हटाकर हड्डियों को व्यवस्थित किया गया। फिर सिर के ऊपर टांका लगाया गया। सर्जरी की खास बात यह है कि चेहरे पर एक भी टांका नहीं लगाया गया है। इससे युवक का चेहरा खराब नहीं हुआ है और उसे सामान्य जीवन जीने में मदद मिलेगी। डाक्टरों के अनुसार अब युवक काफी बेहतर स्थिति में है। हालांकि उसका उपचार चल रहा है।
ऐसे हुई थी दुर्घटना
31 जनवरी की शाम चंद्रप्रकाश अपनी मोटरसाइकिल से अपने गांव गुढ़ी जा रहा था। नरगोड़ा मुख्य मार्ग पर मोटरसाइकिल अनियंत्रित हो गई। इससे चंद्रप्रकाश बाइक से गिर गया। इस दौरान उसका चेहरा सीधे सड़क से टकराया। इससे बाद उसे उपचार के लिए सिम्स लगाया गया।
हमारे लिए भगवान
चंद्रप्रकाश के स्वजन भी इस आपरेशन को चमत्कार मान रहे हैं। वे सर्जरी करने वाले डाक्टरों को भगवान की संज्ञा दे रहे हैं। उनक कहना है कि प्रारंभिक जांच के बाद बताया गया था कि युवक की जान को बचाना बहुत मुश्किल है। ऐसे में उनकी उम्मीद भी टूट गई थी।
विश्वास और भी बढ़ेगा-डॉ. आरती
सिम्स की पीआरओ डॉ. आरती पांडेय ने बताया कि दंत रोग विभाग के डाक्टरों की टीम ने दुर्घटना में घायल युवक का कठिन आपरेशन किया गया है। यह सिम्स के सबसे जटिल आपरेशन में से एक है। इससे सिम्स के प्रति लोगों का विश्वास और भी बढ़ेगा।
मनोज राज/ नामदेव साहू
22 फरवरी 2021