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व्यंग

मकड़ी ने साहब को कहा,

अब इन फाइलों पर हमारा भी हक है ( मुकेश नेमा) ख़बरदार ! आँखों मे आँखें डाल कर आगाह किया उसने साहब को ! ख़बरदार यदि मेरे घर को हाथ भी लगाया आपने !  साहब थोड़ा सा हतप्रद हुये ! झिझक गये उससे जो करने जा रहे थे वो ! बीस साल की नौकरी मे […]

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विधवा नागिन का लाइव डिबेट

न्यूज़ चैनल वाले भाई साहब को हम सब दर्शकों का घनघोर नमस्ते! एंकर भैनजी आप को साष्टांग प्रणाम! चैनल के आउटपुट और इनपुट दोनों जगह पर चार-चार सुरक्षा गार्ड बिठाने पड़ गए हैं। टीआरपी खींचने के लिए आपने घनघोर धंधा सेट कर रखा है। आप सुबह से शाम तक बलात्कार की खबरों को उछालते रहते […]

व्यंग

गाली वही जो वोट दिलाए

शास्त्रों में कहा गया है- चेहरे पर लाली का और वोटों में गाली का बड़ा महत्व है। खुदी हुई सड़क में नाली का और संसद में झूलते पेड़ की डाली का बड़ा महत्व है। कहा गया है कि जगत के सारे झगड़े बेकार है। सिर्फ वही झगड़ा समझदार है, जो वोट दिलाने में होशियार है। […]

व्यंग

आओ पकौड़े बेचें

देश का जी. डी. पी. बढ़ाने के लिए आदमी को अपना योगदान देना चाहिए l भले ही कोई भी काम हो  l हमें उसे करने में  कोई गुरेज नहीं करना चाहिए l कोई भी काम छोटा या बड़ा नहीं होता  l और काम से आदमी की पहचान नहीं होती l तो जो आज के पढ़े […]

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सुनि बॉस प्रिय भृत्य सुहाई

अफसर ने चपरासी से लजाते हुए एक प्रश्न पूछा- कहु भृत्य कृपाल सुहाई। सुमरहिं मोहि बॉस की नाई। कैसा नम्रता भरा प्रश्न है! उस अफसर के जीवन में इससे बड़ा कोई सुख नहीं जान पड़ता कि चपरासी ने कभी बॉस रूप में उनका स्मरण कर लिया है। जब कोई भृत्य उर्फ चपरासी अफसर को बॉस […]

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मालवी व्यंग्य

झांकी : किकी-किकी “झांकी ” शब्द के “ताका -झाकी” शब्द से लियो गयो हे जीके झाकी झाकी के देखे वा झांकी  होवे है | तो भिया हमारा मालवा में हर तरा की झांकी  की खूब भरमार है  अबे झांकी  की बात करा तो झांकी  जमावा सारु तो हर आदमी अपनी पूरी कोशिस करे | छोरा […]

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कबीर कीआत्मा

 मुखिया जी का चौपाल सज चुकी है.कबीर के ऊपर पटवारी लाल का प्रवचन जो है.गांव घर की महिलाएं सज-संवर कर झुंड बनाकर आ रही है.कुछ लड़कियां भी है जोआधुनिक पोशाक में झलक रही है.अभूतपूर्व नजारा  है.बड़े बुजुर्ग सभी प्रवचन सुनने के लिए बैठे हुए हैं. कहीं लोग पान कचर रहे है कहीं मूंगफली फोड़-फोड़ कर […]

व्यंग

वेंटिलेटर पर रुपया

डॉ. सुरेश कुमार मिश्रा ‘उरतृप्त’, चरवाणीः 7386578657  अस्पताल में मरीजों की जगह डॉक्टरों की भीड़ है। एक अजीबोगरीब केस आया है। देश-विदेश के डॉक्टर बुलाए गए हैं। वेंटिलेटर पर एक मरीज पड़ा है। मरीज बहुत जाना पहचाना है। सेलिब्रेटियों का भी सेलिब्रेटी है। नाम है – रुपया। मरीज के शरीर के बारे में बात करें […]

व्यंग

सइयाँ भये कोतवाल फिर डर काहे

**************************** लोकतंत्र की छत धीरे-धीरे रिस रही थी और हाकिम सपनों में खोए सो रहे थे। लोकतंत्र की छत जिन पिलरों पर मजबूती से टिकी समझी जा रही थी वह असल में कमजोर कंधे थे जो इतने लंबे अंतराल के बाद अचानक आ अब लौट चले कहकर लौट गई। जाते ही लगा भ्रष्टाचार का नोना […]

व्यंग

भैंस के लिए भी कोई एक्ट पारित हो!

गाय को लेकर ग़ली-दर-ग़ली में चर्चा का विषय बना हुआ है, गाय राष्ट्रीय पशु घोषित हो गई। अब से गाय को मारना दंडनीय अपराध है, और इतना ही नहीं आप अपनी नज़र जहाँ भी डालिए आपको दरों दिवार पर भी सुनहरे अक्षरों में पढ़ने को मिल जाएगा। कि गौकशी करना दंडनीय अपराध है। क्योंकि गाय […]